सूरत। डिंडोली में शनिवार रात घर में सो रही 5 साल की बच्ची को कोई उठा ले गया और उसके साथ रेप किया। जब वो वापस रोते हुए आई तब घरवालों को बच्ची के साथ कुछ गलत होने का शक हुआ। सुबह बच्ची को वो अस्पताल ले गए, जहां 4 डॉक्टरों की टीम ने दो घंटे तक सर्जरी की। सिविल की सूचना पर डिंडोली पुलिस को घटना की जानकारी मिली। बच्ची के प्राइवेट पार्ट में 20 टांके लगाने पड़े। जख्म छह इंच अंदर तक है। घाव सूखने में डेढ़ महीना लगेगा। पुलिस ने 11 लोगों को हिरासत में लिया है, लेकिन गिरफ्तारी नहीं हुई है। पीड़ित बच्ची और उसके माता-पिता डिंडोली मोदीइस्टेट में रहते हैं। मां ने बताया- रात 10 बजे घर के सभी लोग सो गए थे। रात 2 बजे अचानक बच्ची रोते हुए घर आई। खून निकलते देख पूछा तो उसने कहा- काका मुझे ले गए थे। उन्होंने 2 रु. भी दिए, जो कहीं गिर गया।

गुप्त जगह पर बहुत ज्यादा घाव की वजह से कई दिन तक रहना पड़ेगा अस्पताल में

ऑपरेशन को लीड करने वाली गायनिक विभाग की एसोसिएट प्रोफेसर डॉक्टर ध्वनि देसाई ने बताया कि बच्ची के प्राइवेट पार्ट में काफी इंजरी है। एनेस्थेसिया देने के बाद पूरी जांच हुई, तब पता चला किया बिना ऑपरेशन इलाज संभव नहीं है। उसे एडमिट रखा गया है। घाव भरने में कम से कम डेढ़ महीने लग जाएंगे। वहीं, सीएमओ डॉक्टर ओमकार चौधरी ने बताया कि बच्ची के गले के पास भी एक निशान है। उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए गायनिक, सर्जरी और पीडियाट्रिक विभाग के डॉक्टरों की टीम बनाई गई।

हैवानियत को अंजाम देने वाले आरोपी को जानती है बच्ची, पर कुछ बताने में अष्मर्थ है

बच्ची की मामी ने बताया कि सुबह बच्ची से बातचीत के बाद लगा कि वह आरोपी को जानती है, मगर उसके बारे में कुछ बता नहीं पा रही। अगर आरोपी को उसके सामने पेश किया जाए तो वो पहचान सकती है। वहीं, पिता ने कहा कि उसकी बच्ची कभी किसी अजनबी के साथ नहीं जाती। इसलिए संदेह हो रहा है कि आरोपी कोई जान-पहचान वाला ही है।

बच्ची की हालत देख मेरा कलेजा कांप उठा,

बच्ची की मां ने बताया, देर रात करीब दो बजे मेरी बच्ची रोते हुए लड़खड़ाती हुई घर आई थी। उसके निजी अंगों से खून बह रहा था। उसने कहा मां खून धो दो। मैंने सोचा कि वह शौच करके आई है। जब देखा तो बहुत खून बह रहा था। उसकी हालत देखकर मैं पूरी तरह के कांप गई। मैंने देखा बच्ची बिना अंडरवियर के है। मैंने उसे दूसरा अंडरवियर पहनाकर सुला दिया। मैं भी सो रही थी। थोड़ी देर बाद मैंने देखा कि मेरी बच्ची का अंडरवियर खून से भीग गया। हम रात में घर के दरवाजे को एक रस्सी से बांध देते हैं। वह रस्सी कटी हुई दिखी, इसलिए शक हुआ कि कोई अंदर आकर बच्ची को उठाकर ले गया था। फिर बच्ची ने पूछने पर बताया कि काका ले गए थे। 2 रु. भी दिए, जो कहीं गिर गया।

आरोपी को पकड़ने के लिए हमने पांच पुलिस टीमें बनाई हैं। हर टीम का नेतृत्व पीएसआई कर रहे हैं। उनके साथ सात पुलिसकर्मी है। क्राइम ब्रांच को भी शामिल किया गया है। इलाके में सीसीटीवी कैमरे नहीं होने से आरोपी को तलाशने में दिक्कत हो रही है। इलाके से 9 संदिग्धों को हिरासत में लिया है। यह संख्या बढ़ भी सकती है। मामला दर्ज कर लिया है।

वीएम मकवाना, इंस्पेक्टर, डिंडोली, थाना