सुरत : मुंबई के बाद सूरत के गली-मोहल्लों में फैल चुके ड्रग्स के कारोबार पर उकेल कस पाना सूरत पुलिस के भी बस की बात नहीं रही है। हालांकि, पुलिस इस दिशा में प्रयासरत जरूर रहती है। इस कड़ी में कार्रवाई करते हुए सूरत पुलिस के स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) की टीम ने ड्रग्स का कारोबार करने वाले सूरत के दो लोगों को पकड़ा है जबकि इनको ड्रग्स सप्लाई करने वाले मुंबई निवासी ड्रग्स माफिया को वांटेड घोषित किया है।

सूरत पुलिस के स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप के इंस्पेक्टर जेडआर देसाई ने बताया कि सूरत में धीरे-धीरे बढ़ रहे ड्रग्स के कारोबार को रोकने के लिए पुलिस हमेशा प्रयासरत है। पुलिस अपने मुखबिरों के माध्यम से सूरत में जड़ बना रहे ड्रग्स के नेटवर्क को तोड़ने की हरसंभव कोशिश कर रही है।

एसओजी के सिपाही सतपाल सिंह तोमर को मुखबिर से सूचना मिली थी कि शहर के चौक बाजार इलाके में अल्तमस उर्फ हाजी अल्लारखा मोरिसवाला और मोहम्मद हनीफ उर्फ हनीफ तलवार अब्दुल मजीद शेख एक मोपेड पर सवार होकर ड्रग्स बेचने आने वाले हैं। एसओजी की टीम ने इसी सूचना के आधार पर अपना जाल बिछाया और ड्रग्स बेचने आए दोनों शख्स को गिरफ्तार कर लिया। दोनों के पास से ज्यादा तो नहीं मगर 50 ग्राम मेंथाफेटामाइन नामक ड्रग्स बरामद हुआ जिसकी अंतर्राष्ट्रीय बाजार में कीमत 2.50 लाख रुपए आंकी जा रही है। इसके अलावा दोनों ड्रग्स सप्लायर्स के पास पुलिस ने 25 हजार रुपए नकद भी बरामद किए हैं।

सेक्सुअल पावर बढ़ाने के नाम पर कारोबार

पुलिस ने खुलासा है कि पुलिस के हत्थे चढ़े इन ड्रग्स कारोबारियों ने कबूल किया है कि वे लोग सेक्सुअल पावर बढ़ाने के नाम पर ड्रग्स का कारोबार करते थे। सूरत के खासकर युवा वर्ग में ड्रग्स का नशा खूब बढ़ रहा है और वो सेक्सुअल पावर बढ़ाने के नाम पर ही ड्रग्स खरीदते हैं। पकड़े गए दोनों आरोपियों में से एक ने पुलिस को बताया कि वो परिवार चलाने के लिए इस कारोबार से जुड़ा था जबकि दूसरे ने कबूल किया कि ड्रग्स के इस धंधे में पैसे जल्दी और आसानी मिल जाते हैं इसलिए वो इस कारोबार को लंबे समय से कर रहा था। पुलिस ने दोनों के पास से ढाई लाख का ड्रग्स सहित 3 लाख 17 हजार का माल बरामद किया है।