सूरत के लाजपोर जेल में कक्षा 10 में 13 और कक्षा 12 में 5 कैदी बोर्ड की परीक्षा दे रहे है । आज से गुजरात राज्य बोर्ड की परीक्षाओं की शुरुवात हुई है । जिसे घ्यान में रखते हुए जेल में परीक्षा केंद बना कर प्रशासन द्वारा कैदी भी परीक्षा दे पाए इस तरह की व्यवस्था की गई ।
युवावस्था में किसी अपराध को अंजाम देकर जेल जाने वाले कैदी जब जेल से बाहर निकले तो व्यवसाय अथवा योग्य नौकरी कर सके, साथ ही उनके आचरण में परिवर्तन हो इस आशय से जेल के कैदियो को बोर्ड की परीक्षा देने की व्यवस्था की गई है । राज्य सरकार द्वारा प्रदान इस व्यवस्था का मुख्य आशय है कि जेल में रहकर कैदी अपने समय का सदुपयोग कर सके और उज्जवल भविष्य भी बना सके । लाजपोर मद्यस्थ जेल में भी यह सुविधा कैदियो को प्रदान की गई ।
राज्यभर में कक्षा 10 और 12 की बोर्ड की परीक्षा का आज से प्रारंभ हुआ है । इस वर्ष कक्षा 10 और 12 के 17.59 लाख विद्यार्थी परीक्षा दे रहे है । जिनमें 178 कैदियो का भी समावेश है । विविध अपराधों में लिप्त जेल में आए कैदियो के लिए राज्य की चार मुख्य जेल अमदाबाद सेन्ट्रल जेल, सौराष्ट्र जेल कैदियो के लिए राजकोट जेल, मद्य गुजरात के कैदियो के लिए वडोदरा जेल और दक्षिण गुजीत के कैदीयो के लिए सूरत लाजपोर जेल में परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं । कैदियो की परीक्षा की मॉनिटरिंग और अन्य कार्यवाही जेल सुप्रिटेंडेंट और शिक्षा बोर्ड के अधिकारी मिल कर कर रहे है ।
इस वर्ष सूरत के लाजपोर सेन्ट्रल जेल में कक्षा 10 के लिए 13 और कक्षा 12 के लिए 5 मिल कर 18 कैदी परीक्षा दे रहे है । जिनमें से कक्षा 10 गुजराती माध्यम में 12 और हिंदी माध्यम के लिए एक कैदी का समावेश है । दक्षिण गुजरात में सुरत सेन्ट्रल जेल में 997 नम्बर का परीक्षा केंद्र बनाया गया है ।
उल्लेखनीय है कि पिछले साल शिवकिरण किशोर सासने कक्षा 12 बोर्ड की परीक्षा जेल में दी थी और 62 प्रतिशत अंक भी प्राप्त किए थे । जिसके पश्चात् उसे वीर नर्मद दक्षिण गुजरात यूनिवर्सिटी में बीए में दाखिला भी लिया है । जिसकी परीक्षा 25 मार्च से शुरू होगी शिवकिरण यह परीक्षा भी जेल में देगा ।